Aryan Biotech Sanitizer Price
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सरकार के आदेशों को धता बताती फार्मेसी कंपनियां, लागू किया मनमाना रेट

हैंड सैनिटाइज़र जैसे ही आवश्यक बस्तु में शामिल हुआ इसको बनाने वाली कंपनियों ने इसके मूल्य में अंधाधुंध बढोत्तरी कर दी।

Shivjeet Tiwari

Shivjeet Tiwari

आर्यन बायोटेक प्राइवेट लिमिटेड नाम की फ़ार्मास्यूटिकल्स कंपनी सरकार के निर्देशों को ताक पर रखकर सेनेटाइजर को मनमाने रेट पर बेचने के लिए आमादा है, इतना ही नही पुराने मूल्य में फेरबदल करके कम करने की बजाय उसे बेहताशा बढ़ाया जा रहा है।

माल पुराना रेट नया :

आप जमाखोर और मुनाफाखोर जैसे शब्द से परिचित होंगे और अगर नहीं तो आपका तआरुफ़ कराए देते है, आर्यन बायोटेक प्राइवेट लिमिटेड नाम की फ़ार्मास्यूटिकल्स कंपनी जो वर्तमान में उत्तराखंड में रजिस्टर्ड है जो कि भारत और अन्य तमाम देशों के लिए मेडिकल उत्पाद( जिसमे गोली, कैप्सूल, सीरप, शामिल है) बनाती है उसने कोरोना महामारी के चलते हाल फिलहाल सरकार द्वारा आवश्यक वस्तु घोषित किये गए सेनेटाइजर के मूल्य में भयानक फेरबदल किया हुआ है। जिसको लेकर सोशल मीडिया समेत अन्य जगहों पर चर्चा की जा रही है। इस वक्त जब देश मे कोरोना महामारी को लेकर आमजन में हैंड सेनेटाइजर और हैंड वाश को लेकर मारामारी मची हुई है उस वक्त में कंपनी के द्वारा इन दोनों प्रोडक्ट के रेट बदलकर उसमें भयानक बढ़ोतरी की है।

बोतल एक रेट अनेक :

प्राप्त सूचना और जानकारी के आधार पर हैंड सेनेटाइजर के निर्माण में लगभग 70 प्रतिशत से ज्यादा एल्कोहल जिसमें ( आइसोप्रोपिल एल्कोहल, एथिल एल्कोहल , प्रकृतिक एल्कोहल) शामिल होता है, साथ ही सुगंध और हांथो को मुलायम रखने हेतु ग्लिसरीन तथा एलोवेरा जेल मिलाया जाता है, भारत सरकार द्वारा इस मामले को लेकर पहले भी गाइडलाइंस जारी की गई थी जिसमे यह कहा गया था कि हैंड सेनेटाइजर का मूल्य किसी भी हालत में 250 रुपये प्रति 500 ग्राम से अधिक नहीं होना चाहिए लेकिन कंपनी द्वारा एक 100 एमएल की बोतल के नाम पर पहले 150 रुपये फिर उसी बोतल पर 250 रुपये प्रिंट करके बेचे जा रहे है।

Aryan Biotech Hand Sanitizer
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डुप्लीकेट सेनेटाइजर का भी हो सकता है मामला :

हालांकि यहां एक बात समझने योग्य है कि हो सकता है की कंपनी के द्वारा बाद में बनाये इस सेनेटाइजर का निर्माण ही नहीं किया जा रहा हो, बल्कि इसे बाहर के डुप्लीकेट निर्माताओं द्वारा बनाकर पैसे वसूले जा रहे हो, दोनो सेनेटाइजर की बोतल में लगी कैप के रंग अलग होने के बाद यह शंका बढ़ जाती है। लेकिन फिर भी अगर देखा जाए तो फरवरी में बने सेनेटाइजर के दाम भी तय मात्रा से कही ज्यादा नजर आते है।

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उदय बुलेटिन
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