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फैयाज उल हसन चौहान
फैयाज उल हसन चौहान
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पाकिस्तान आखिर क्यों कर रहा है हिन्दुओं की तरफदारी, हिन्दुओं पर विवादित बयान देने वाले मंत्री की कुर्सी छिनी 

चौहान ने 24 फरवरी को लाहौर में एक कार्यक्रम में हिंदू समुदाय को ‘गो-मूत्र पीने वाले लोगों’ की संज्ञा दी थी।

AKANKSHA MISHRA

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इस्लामाबाद: पाकिस्तान के पंजाब प्रांत में सत्तारूढ़ पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के सूचना मंत्री फैयाज उल हसन चौहान को हिंदू समुदाय के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी करने पर मंगलवार को हटा दिया गया। उनके इस बयान के बाद उनकी पार्टी के सदस्यों और सोशल मीडिया यूजरों ने कड़ी आलोचना की थी।

जहां डॉन न्यूज ने पंजाब प्रांत के मुख्यमंत्री उस्मान बुजदार के प्रवक्ता शाहबाज गिल के हवाले से कहा कि चौहान ने इस्तीफा दिया है, वहीं पीटीआई ने ट्वीट किया है कि उन्हें हटाया गया है और आगे कहा कि किसी की मान्यताओं पर प्रहार करना किसी विचारधारा का हिस्सा नहीं हो सकता।

क्या कहा मंत्री ने जो चली गई कुर्सी

… तो कान खोलकर सुन लो गाय का यूरिन पीने वालों, हम मुसलमान हैं। जो चीज हम रखते हैं, वो तुम नहीं रख सकते। बुतों (मूर्तियों) को पूजने वालों। पाकिस्तान ऐटम बम रखता है। ये ऐटम बम पाकिस्तान ने शबे बारात में चलाने के लिए नहीं रखा हुआ है, और न ही हमारी मिसाइलें- गौरी, गजनवी, अब्दाली ये सब मेहंदी की रस्मों में चलाने के लिए नहीं हैं।

डॉन के अनुसार, चौहान को अपनी गलती का एहसास तब हुआ, जब उनके बयान को प्रधानमंत्री इमरान खान ने खुद गंभीरता से लिया, पार्टी ने हालांकि इन खबरों को खारिज कर दिया।

उन्होंने कहा था, "हम मुस्लिम हैं, हमारा झंडा है, जो मौला अली की बहादुरी का प्रतीक, हजरत उमर की वीरता का प्रतीक है। आपके (हिंदू) पास वह झंडा नहीं है, वह आपके हाथ में नहीं है।"

उन्होंने कहा, "इस भ्रम में न रहें, जिसमें आप हमसे सात गुना बेहतर हैं। मूर्तिपूजकों, हमारे पास जो है वह आपके पास नहीं है।"

विवादित बयानों का वीडियो सोमवार को वायरल होने के बाद ट्विटर यूजर्स ने मंगलवार को 'हैश सेकफयाजचौहान' ट्रेंड कर सरकार से उन्हें उनके पद से हटाने के लिए कहा।

पाकिस्तान में अल्पसंख्यक समुदाय हिंदुओं के खिलाफ अपने बयान के लिए पीटीआई से आलोचना के बाद मंत्री ने माफी मांगी और कहा कि उन्होंने अपना बयान सिर्फ भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भारतीय मीडिया के लिए दिया था।

उन्होंने कहा, "मैं नरेंद्र मोदी, रॉ और भारतीय मीडिया को बोल रहा था। वह बयान पाकिस्तान में रहने वाली किसी व्यक्ति के लिए नहीं था। मेरा संदेश भारतीयों के लिए था।"

उन्होंने कहा, "मैंने किसी धर्म को नीचा नहीं दिखाया। मैंने जो कहा वह हिंदुत्व का हिस्सा हैं।"

खान ने चौहान के बयान को गलत बताया और कहा, "हम किसी अल्पसंख्यक समुदाय के खिलाफ कोई बयान नहीं सहेंगे।"

राजनीतिक मामलों में प्रधानमंत्री के विशेष सहयोगी नईमुल हक ने एक ट्वीट में कहा कि पीटीआई सरकार किसी भी वरिष्ठ मंत्री या किसी के भी द्वारा ऐसी बेहूदा बात नहीं सहेगी।

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता मोहम्मद फैसल ने भी ट्विटर पर कहा, "पाकिस्तान अपने झंडे में हरे के बराबर सफेद रंग को भी उतने गर्व से जगह देता है, हिंदू समुदाय के सहयोग को मानता है और अपने बरावर सम्मान देता है।"

--आईएएनएस