किसान आंदोलन पर बेबाकी से राय रखने वाले फिल्मी सितारे बेहद शांत क्यों है?

तिरंगे का अपमान करने वालों के खिलाफ बड़े-बड़े फ़िल्मी सितारों का मुँह क्यों नहीं खुला ?
किसान आंदोलन पर बेबाकी से राय रखने वाले फिल्मी सितारे बेहद शांत क्यों है?
फिल्मी सितारे बेहद शांत क्यों है?Google Image

भारत रायचंदो का देश है, यहां आप सड़क पर निकलते हुए किसी मुद्दे पर बात छेड़िये, लोग बिना वजह आपको इतनी ज्यादा मात्रा में राय पकड़ा देंगे कि आपकी आने वाली पीढ़ी भी किसी राय को इस्तेमाल नही कर पायेगी। कुछ ऐसा ही हुआ था किसान आंदोलन के दौरान, जब सिनेमा जगत के दिग्गज कलाकार किसानों के आंदोलन में रत नजर आए थे लेकिन गणतंत्र दिवस के कारनामे के बाद इन सितारों को मुँह छिपाने की जगह नही मिल पा रही है।

आइये कुछ ऐसे ही सितारों पर नजर डालते है.....

स्वरा भास्कर :

इन्हें पार्ट टाइम फिल्मी स्टार और फुल टाइम राजनीतिक मान लेना चाहिए क्योंकि मुद्दा कोई भी हो अगर किसी मुद्दे में कहीं भी भाजपा का नाम जुड़ा है तो उस मामले में स्वरा का होना उतना ही जरूरी है जितना चाय में चायपत्ती। आखिर उसी के बाद तो कड़क रंगत आती है।

आप उदाहरण उठा सकते है कि चाहे वह शाहीन बाग का मामला हो या फिर जेएनयू का या किसानो का, स्वरा अपने सुपर स्टारडम के बिजी शेड्यूल में से समय निकालकर आंदोलन तक पहुंची। यही नही उन्होंने सरकार पर किसानों की अनदेखी करने के भीषण आरोप भी लगाए। किसानों की ट्रैक्टर रैली का पक्का समर्थन किया और जब किसानों ने दिल्ली में उत्पात मचाया तो इसका दोष भी स्वरा ने दिल्ली पुलिस और सरकार पर मढ़ दिया। वो बात अलग है कि लोग अब स्वरा को उतनी संजीदगी से लेते हुए नजर नही आते।

जब देश की आन बान और शान लाल किले पर तिरंगे झंडे की बजाय धर्म विशेष के निशान साहिब के लहराया गया तो स्वरा ने दूसरे फिल्मी कलाकार वरुण ग्रोवर की बात पर गणतंत्र दिवस का मजाक बनाने से भी बचाव नही किया।

दिलजीत दोसांझ:

पंजाबी एक्टर और सिंगर है पहले-पहले पंजाबी फिल्मों और एलबम्स में आते थे लेकिन बीते समय मे उनकी फिल्में हिंदी सिनेमा में अच्छा काम कर चुकी है इस लिहाज से इनका कैरियर भी हिंदी सिनेमा में जबरजस्त चल रहा है। बीते दिनों में जब से किसान आंदोलन शुरू हुआ था उसके बाद ही दिलजीत ने किसानों के साथ सहयोग देने की बात कही और मामला यही तक नही सिमटा बल्कि दिलजीत ने खुद किसान आंदोलन के मौके पर पहुँच कर किसानों का मनोबल बढ़ाया। किसानों की ट्रैक्टर यात्रा में भी दिलजीत दोसांझ ने समर्थन दिया था लेकिन बवाल के बाद न तो दिलजीत का किसान समर्थन नजर आ रहा है न ही उनके कृत्य की निंदा जैसी चीज आयी। हालांकि दंगे वाले दिन के पहले दिलजीत ने एक संभावना से भरा हुआ ट्वीट किया था, जिसको लेकर चर्चे आम है।

सोनम कपूर, प्रियंका चोपड़ा और गुलपनाग:

सिनेमा जगत से अभिनेत्री गुलपनाग ने किसानों द्वारा की गई हिंसा को भी सरकार और दिल्ली पुलिस के मत्थे मढ़ दिया है। इस मामले में प्रियंका चोपड़ा और सोनम कपूर के द्वारा न तो कोई बयान जारी किया गया है, न ही कोई ट्वीट किया गया है, हालांकि सोशल मीडिया में इन सभी अभिनेत्रियों को लगातार ट्रोल किया जा रहा है।

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उदय बुलेटिन
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