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अशोक गहलोत, राहुल गांधी और सचिन पायलट
अशोक गहलोत, राहुल गांधी और सचिन पायलट|twitter
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राजस्थान: तजुर्बे और युवा चेहरे के बीच राहुल ने चुना बीच का रास्ता,अशोक गहलोत बने मुख्यमंत्री और सचिन पायलट उप-मुख्यमंत्री 

अशोक गहलोत होंगे राजस्थान के मुख्यमंत्री, और सचिन पायलट होंगे उप मुख्यमंत्री 

AKANKSHA MISHRA

AKANKSHA MISHRA

नई दिल्ली | राजस्थान ने मुख्य मंत्री पद पर बना सस्पेंस अब खत्म हो चूका है। राहुल गांधी ने मुख्यमंत्री पद के लिए अशोक गहलोत के नाम पर मंजूरी दे दी है और वहीं, सचिन पायलट को डीप्टी सीएम का प्रस्ताव दिया है। सूत्रों की माने तो साढे चार बजे इसका ऐलान होगा।

कांग्रेस मुख्‍यालय में प्रेस कॉन्‍फ्रेंस कर इस बात की औपचारिक घोषणा की गई। कांग्रेस के पर्यवेक्षक के सी वेणुगोपाल ने बताया कि राहुल गांधी ने अशोक गहलोत को राजस्‍थान का मुख्‍यमंत्री चुना है जबकि सचिन पायलट उपमुख्‍यमंत्री होंगे। इसकी घोषणा पार्टी के पर्यवेक्षक के.सी.वेणुगोपाल ने की। उन्होंने कहा कि यह फैसला पार्टी अध्यक्ष राहुल गांधी द्वारा लिया गया।

सचिन पायलट को उप मुख्यमंत्री का प्रस्ताव पहले भी दिया गया था। जिसे वह अब नकारते रहे थे। लेकिन राहुल गांधी के साथ बैठक के बाद सचिन उपमुख्‍यमंत्री चुने गए। उप मुख्यमंत्री चुने जाने के बाद सचिन पायलट ने कहा, 'मैं कांग्रेस अध्‍यक्ष राहुल गांधी व अन्‍य का धन्‍यवाद देना चाहूंगा जिन्‍होंने अशोक गहलोत जी को राजस्‍थान का मुख्‍यमंत्री चुना। मेरा और अशोक जी का जादू पूरी तरह चल गया है और हम अब सरकार बनाने जा रहे हैं।

ऐसा माना जा रहा है कि कांग्रेस पार्टी ने आगामी लोकसभा चुनाव के मद्देनजर गुर्जर समुदाय को लुभाने के लिए सचिन पायलट को उप मुख्यमंत्री बनाया है। गुर्जर समुदाय राजस्थान के प्रभावशाली समुदायों में से एक है और यह चुनावी लड़ाई में काफी महत्वपूर्ण है।

आपको बता दें कि,राजस्थान के मुख्यमंत्री की दौड़ में अशोक गहलोत पहले से ही आगे चल रहे थे। लेकिन सचिन पायलट उन्हें कड़ी टक्कर देते दिख रहे थे। यहां पार्टी आलाकमान ने तजुर्बे और युवा चेहरे के बीच तजुर्बे को चुना है। अशोक गहलोत पहले भी राजस्थान के मुख्य मंत्री रह चुके हैं और उन्हें काफी अनुभव है, वहीं सचिन पायलट राजस्थान संगठन में युवाओं के चहेते रहे हैं। इसके अलावा कांग्रेस नेतृत्व के भी वह पसंदीदा चेहरे थे। वरिष्ठ नेताओं का मानना है कि अगर राजस्थान में कांग्रेस पूर्ण बहुमत से ज्यादा सीटें लेकर आती तो सचिन पायलट को मुख्य मंत्री बनाया जाता , लेकिन कांग्रेस राजस्थान में 100 सीटों पर सिमट गई थी। सरकार बनाने के लिए कांग्रेस को सपा पर बसपा का समर्थन प्राप्त है।