उदय बुलेटिन
www.udaybulletin.com
VVPAT AND EVM
VVPAT AND EVM|ECI
इलेक्शन बुलेटिन

एक्जिट पोल से कांग्रेस महागठबंधन ओर अन्य दलों में उथल पुथल जारी, समर्थको के द्वारा स्ट्रांग रूम पर पहरेदारी

एग्जिट पोल ने मचाई भयानक उथलपुथल

Shivjeet Tiwari

Shivjeet Tiwari

महागठबंधन समेत अन्य विपक्षी दलों में अफवाहों का बाजार गर्म है!

19 मई को विश्व के सबसे बड़े लोकतंत्र की आखिरी आहूति दी गयी और इस पूर्णाहुति के बाद ही यज्ञ का फल सभी की कल्पनाओ पर तैर रहा है,कब किसको मीठा लगेगा या खट्टा ये तो चुनाव आयोग या ईवीएम जाने लेकिन इसी के चलते अफवाह भी गर्म होकर हवाओ में तैर रही है।

अफवाहों के चलते कांग्रेस की स्टार प्रचारक और कांग्रेस अध्यक्ष की बहन प्रियंका गांधी को भी ट्वीट करना पड़ा,जिसमे कार्यकर्ताओं को यह कहा गया कि आप लोग आतंकित ना हो, स्ट्रांग रूम की पहरेदारी करे,

हालांकि इस ट्वीट के कई मायने निकाले जा सकते है , क्या इस ट्वीट में देश की जानी मानी स्वतंत्र आयोग के ऊपर अविश्वास है या फिर कार्यकर्ताओं को उकसाने का काम किया जा रहा है

इसी क्रम में उत्तर प्रदेश की  गाजीपुर सीट में ईवीएम के भरे ट्रक को बाहर भेजने की अफवाह उड़ी, जिसके तथ्य हवा हवाई पाए गए,

सिद्धार्थनगर डुमरियागंज के महागठबंधन प्रत्यासी आफताब आलम द्वारा ईवीएम की हेराफेरी की आशंका के चलते स्ट्रांगरूम के बाहर अपने समर्थकों के साथ धरना दिया गया ,जिस से मौके पर आला अफसरों को खासी मशक्कत करनी पड़ी।

चंदौली सीट पर भी कांग्रेस प्रत्यासी समेत अन्य दल एवम महागठबंधन के प्रत्याशियों समेत स्ट्रांग रूम परिसर में शोर शराबा किया गया ,बाद में यह खबर जंगल मे आग की तरह अफावह बन कर दौड़ी, लेकिन जब तथ्य जांचे गए तो यह बहस मात्र कूलर वाले कमरे में लेटने की थी,
वहीँ लोग अब खुली जुबान में इसे एक्जिट पोल की खुन्नस बता रहे हैं , हालांकि प्रशासन पूरी तरह चुस्त दुरुस्त  है फिर भी प्रत्याशियों का हो हल्ला जारी है, गौरतलब हो अंतिम चरण के चुनाव के बाद ही महागठबंधन के नेता अखिलेश यादव और मायावती समेत काँग्रेस के कई नेताओं द्वारा ईवीएम पर दोषारोपण शुरू हो गया था , जो अब खुलकर सामने आ रहा है ,इसी क्रम में सुप्रीमकोर्ट द्वारा भी एक याचिका को नामंजूर किया गया जिसमें सभी पोलिंग पर हुई वोटिंग को वीवी पैट की पर्चियों से मिलान की बात कही गयी थी

प्रशासन  अब इस बात से आतंकित है कि चुनाव परिणाम के बाद कोई दंगा फसाद ना हो इस लिए प्रशासन ने कमर कस रखी है  हालांकि ऊँट किस करवट बैठेगा ये तो 23 मई को ही जानकारी मिलेगी