उदय बुलेटिन
www.udaybulletin.com
कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी
कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी|उदय बुलेटिन 
इलेक्शन बुलेटिन

चुनाव 2019: तो क्या अब राहुल गांधी “चौकीदार चोर है” का नारे नहीं दे पाएंगे ?

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने सुप्रीम कोर्ट से माफी मांग ली।

AKANKSHA MISHRA

AKANKSHA MISHRA

2019 के लोकसभा चुनाव की तैयारियों के बीच चुनावी माहौल को अपने पक्ष में भुनाने के लिए सभी राजनीतिक दल जीतोड़ मेहनत कर रहे है। लोक-लुभावन वादों से लेकर तीखी और व्यंग्यात्मक बयानबाजी नेताओं द्वारा की जा रही है। इसी क्रम को आगे बढ़ाते हुए कांग्रेस अध्यक्ष ने पीएम मोदी के लिए "चौकीदार चोर है" का नारा दिया। तो बीजेपी ने कांग्रेस के इस नारे को काउंटर करने के लिए "मैं भी चौकीदार हूं" चुनाव अभियान की शुरुआत कर दी। मीडिया रिपोर्ट की माने तो बीजेपी का "मैं भी चौकीदार हूं" अभियान कांग्रेस के "चौकीदार चोर है" नारे से आगे निकल गया। हालांकि कांग्रेस ने 'चौकीदार चोर है' का नारा प्रधानमंत्री मोदी के लिए दिया था। लेकिन इसे ट्विटर पर सभी बीजेपी नेताओं ने हाथों-हाथ अपना लिया और सभी चौकीदार बन गए।

दरअसल कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी मानते है कि केंद्र सरकार यानी मोदी सरकार ने राफेल सौदे में हेराफेरी की है। और कांग्रेस पीएम मोदी को चौकीदार इसलिए बुला रही है क्योंकि 2014 के लोकसभा चुनाव के दौरान पीएम मोदी ने खुद को देश का चौकीदार बताया था। जिसके बाद कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गाँधी हर चुनावी मंच पर 'चौकीदार चोर है' का नारा लगवाने लगे।

यहां तक तो सब ठीक था लेकिन, 9 अप्रैल 2019 को सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि "हम दोबारा राफेल सौदे से जुड़ी अनियामितताओं की सुनवाई के लिए तैयार है।"

जिसके बाद 10 अप्रैल 2019 को कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने क्लियर कर दिया है कि 'चौकीदार चोर है'। सुप्रीम कोर्ट ने कह दिया है राफेल मामले में चौकीदार ने चोरी की है।" हालांकि तब-तक सुप्रीम कोर्ट सिर्फ सुनवाई के लिए तैयार हुआ था।

राहुल गाँधी के इस बयान पर मीनाक्षी लेखी जो बीजेपी नेता और वकील भी हैं वह राहुल गांधी के इस बयान के खिलाफ कोर्ट पहुंच गई। उन्होंने राहुल गांधी पर कोर्ट की अवमानना का आरोप लगाया। जिसके बाद CJI रंजन गोगई की संवैधानिक पीठ ने सुनवाई करते हुए माना कि राहुल गांधी ने सुप्रीम कोर्ट के बयान को गलत तरह से पेश किया है। और सुनवाई 23 तारीख के लिए टाल दी गई। राहुल गाँधी से 22 अप्रैल तक अपना बयान देने के लिए कहा गया। जिसका जवाब राहुल गांधी ने दिया।

राहुल गांधी ने कहा -सॉरी

राहुल गांधी ने सुप्रीम कोर्ट में दिए अपने बयान में कहा कि राफेल सौदे मामले में प्रधानमंत्री के खिलाफ उनकी राजनीतिक बयानबाजी चुनाव प्रचार अभियान की गहमा-गहमी के दौरान की गई थी।

हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि उनका और उनकी पार्टी का रुख अब भी यही है कि 'चौकीदार चोर है'।

अब देखना ये है कि राहुल गांधी का यह माफीनामा कल उत्तर प्रदेश में होने वाले लोकसभा चुनाव में कांग्रेस को किस रस्ते पर ले जाता है।

यूपी की इन सीटों पर है तीसरे चरण का चुनाव

आपको बता दें कि, 80 लोकसभा सीटों वाले उत्तर प्रदेश में पहले और दूसरे चरण में 11 और 18 अप्रैल को 16 सीटों पर मतदान हो चुका है। मंगलवार को तीसरे चरण में 10 सीटों पर चुनाव होना है। यह दस सीटें मुरादाबाद, रामपुर, संभल, फिरोजाबाद, मैनपुरी, एटा, बदायूं, आंवला, बरेली और पीलीभीत हैं।